जबलपुर। उच्च शिक्षा विभाग ने प्रत्येक पीएम कॉलेज ऑफ़ एक्सीलेंस में विद्यार्थी पुस्तक सहायता केंद्र स्थापित करने का निर्देश दिए हैं।
स्नातक एवं स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम से संबंधित मप्र हिंदी ग्रंथ अकादमी की पुस्तकें उपलब्ध रहेंगी।
महाकौशल कॉलेज में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को प्रतिदिन एक रुपये की दर से बस सेवा की सुविधा के साथ अब उन्हें कम मूल्य पर पाठ्यक्रम संबंधी पुस्तकें भी उपलब्ध होंगी।
एक जुलाई से आरंभ किए जाने वाले विद्यार्थी पुस्तक सहायता केंद्र का संचालन तीन माह तक होगा। इसमें आरंभ में मप्र हिंदी ग्रंथ अकादमी की स्नातक एवं स्नातकोत्तर स्तर के पाठ्यक्रमों की विषयवार 25-25 पुस्तकें विक्रय के लिए रखी जाएगी।
यह पुस्तकें कॉलेज के जनभागीदारी मद से क्रय की जाएगी। पुस्तकों के विक्रय होने पर प्राप्त राशि से पुन: क्रय प्रक्रिया अपनाई जाएगी। इस प्रक्रिया के लिए कॉलेज स्तर पर नोडल अधिकारी नियुक्त करने के आदेश दिए गए हैं।
उच्च शिक्षा विभाग के अवर सचिव वीरेन सिंह भलावी की ओर से निर्देश जारी किए जाने के बाद कॉलेज में विद्यार्थी पुस्तक सहायता केंद्र के लिए स्थान चिन्हित कर लिया गया है। विभाग की ओर प्रेषित की गई सूची के अनुसार पाठ्यक्रम से संबंधित पुस्तकों का मांग पत्र तैयार कर हिंदी ग्रंथ अकादमी को भेजा गया है।
अकादमी से पुस्तकें प्राप्त होते ही केंद्र पर विक्रय के लिए उपलब्ध होंगी। अकादमी के साथ समन्वय और पुस्तकों के क्रय-विक्रय का दायित्व नोडल अधिकारी पर होगा।


