शिवपुरी(संजीव पुरोहित)। मध्यप्रदेश मे परिवहन विभाग हमेशा से ही सुर्खियों मे रहा है, ऐसा कोई जिला नही जहाँ पर परिवहन विभाग मे आरटीओ द्वारा अवैध वसूली का खेल न खेला जा रहा हो।
पूर्व मे परिवहन चेकपोस्टों से अवैध वसूली का खेल सम्भवतः बंद हो गया था, लेकिन कुछ माह ही यह चल पाया। लेकिन इसके बाद इस अवैध वसूली के बंद होने से समूचे प्रदेश के नेतानगरी सहित प्रशासनिक अमले मे भारी मायूसी सी छा गयी, क्योंकि इन परिवहन चेक पोस्टों से होने वाली अवैध वसूली का एक मोटा हिस्सा इन वाइट क्रीमी लेयर के पास जा रहा था, जो इन लोगो को पोषित करता था। इसीलिए आनन फानन मे मोहन सरकार ने एक मौखिक रूप से आदेश जारी किया कि इन चेकपोस्टों पर वाहन चेकिंग के नाम पर पुनः अवैध वसूली का खुला खेल चालू कर दिया जाए।
यह आमजन मे काफी चर्चा का विषय बना हुआ है कि कोई भी जिले के आरटीओ की इतनी हिम्मत नही होती कि वह अपने जिले मे प्रदेश स्तर से बिना हरी झंडी मिले चेकपोस्टों पर अवैध वसूली का खुला खेल चालू करा दे और अगर यह सब खुलेआम हो रहा है तो यह कहना गलत नही होगा कि मोहन सरकार मे इस कार्य के लिए ऊपर से मौखिक आदेश जारी कर दिये गये है। इसी लिये सिकंदरा सहित अन्य चेक पोस्टो पर खुलेआम अवैध वसूली का खुला खेल चालू है।
शिवपुरी जिले की सिकंदरा चेक पोस्ट पर इन दिनों बीते कई माह से खाकी वर्दीधारियों द्वारा खुलेआम वाहन चेकिंग के नाम पर वाहनो से अवैध वसूली की जा रही है।
आखिर जिले की सीमा पर स्थित इस चेक पोस्ट पर खुल्लम खुल्ला अवैध वसूली कराने मे किस अधिकारी और नेता का है खुला संरक्षण, जो बीच रोड पर बेरिकेट लगा लगाकर खाकी वर्दीधारी सड़क से निकलने वाले वाहनो से कर रहे है अवैध वसूली?
आखिर कलेक्टर सहित एसपी, आरटीओ आखिर क्यों है चुप्पी साधे हुए?
ऐसे कई सवाल है जो हर आमजन के दिमाग मे जगह बना रहे है।
शिवपुरी जिले की आरटीओ रंजना भदौरिया शिवपुरी जिले के साथ अन्य जिलों का भी चार्ज लेकर बैठी है। हफ्ते मे दो दिन ही शिवपुरी परिवहन कार्यालय मे दर्शन दे पाती है। वही, आरटीओ मैडम हर आम व्यक्ति की पहुंच से यह हमेशा दूरी बनाकर चलती है और शिवपुरी जिले की सीमा पर स्थित सिकंदरा चेकपोस्ट पर अपना खुला संरक्षण देकर खुलेआम अवैध वसूली करा रही है।
यह हम नही कह रहे बल्कि यह आम जनता कहती हुई दिखाई दे रही है, क्योंकि किसी भी जिले के अंदर अगर परिवहन विभाग मे चेकपोस्ट पर खुलेआम और बीच सड़क पर खुल्लखुल्ला रूप से आरटीओ विभाग की वर्दीधारियों द्वारा बीच रोड पर बेरिकेट लगा लगाकर निकलने वाले वाहनो से अवैध वसूली की जा रही है तो इसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी जिले के विभाग के मुखिया आरटीओ की होती है। अगर यह खेल बदस्तूर जारी है तो इसका सीधा सा मतलब है कि आरटीओ आँखों पर पट्टी बांधकर खुले रूप से संरक्षण देकर रखी है, इसीलिए खुलेआम लूट बदस्तूर जारी हैं।
अगर बात करे सिकंदरा परिवहन चेक पोस्ट की तो यह पूरे दिन खाकी वर्दी पहने हुए लोग बीच रोड पर बेरिकेट लगा लगाकर मुह पर चोरो डकैतो की शक्ल मे मुंह पर काला कपड़ा बांधकर मुह नकाबपोशी शक्ल मे सड़क से निकलने वाले वाहनो से अवैध वसूली करने मे मस्त है। इन्हे किसी का भी भय नहीं है, यह खुलेआम बीच सड़क पर बेखौंफ होकर अवैध वसूली को अंजाम दे रहे है।
सिकंदरा चेक पोस्ट पर खाकी वर्दीधारियों द्वारा की जा रही खुलेआम अवैध वसूली के फोटो वीडियो खबरें समाचार पत्रों सहित टीव्ही चैनलो मे और जमकर सोशल मीडिया मे हर दिन वायरल हो रहे है। हर आम और खास व्यक्ति जो बीच सड़क से निकल रहा है वह भी देखता हुआ जा रहा है। लेकिन ताज्जुव की बात है की इस सिकंदरा चेक पोस्ट पर बीच सड़क पर बेरिकेट्स लगा लगाकर वाहन चेकिंग के नाम पर जो अवैध वसूली की जा रही है वह आखिर जिले के कलेक्टर, एसपी, प्रभारी मंत्री, विधायक और समाजसेवियों को समाचार पत्रों में दिखाई क्यों नही दे पा रही है? यह बड़ी ही चौकाने वाली बात है या फिर हम यूँ कहे कि यह सब इस खुलेआम सिकंदरा चेकपोस्ट पर हो रही वसूली को अपना संरक्षण देकर धृतराष्ट्र बने हुए है।
बड़ी शर्मनाक बात है कि जिले के अंदर जिले की सीमा को ही जिले के कलेक्टर सुरक्षित नहीं कर पा रहे है तो फिर जिले के अंदर हो रही अवैध गतिविधियों पर क्या लगाम लगाएंगे।
इसीलिए शिवपुरी जिले के नक्शे पर सिकंदरा चेक पोस्ट एक बदनुमा दाग़ बनकर आज खुलेआम मखोल उड़ा रहा है।


