सीधी। लोकसभा चुनाव 2024 का बिगुल बज चुका है।
जनता एक बार फिर अपना सांसद चुनेंगी।
एक बार फिर जनप्रतिनिधियों की आवाम की उम्मीदों पर खरा उतरने की बारी है।
मध्य प्रदेश की 29 लोकसभा सीटों में मौजूदा हालात क्या हैं, क्षेत्र की क्या स्थिति है ? आइए नजर डालते है मध्यप्रदेश की सीधी लोकसभा सीट पर…
सीधी संसदीय क्षेत्र में कुल 8 विधानसभा आती है, जिसमें सीधी, चुरहट, धौहनी, सिहावल, देवसर, चितरंगी, सिंगरौली, शहडोल जिले की ब्यौहारी विधानसभा सीट शामिल है।
मतदाताओं की बात करे तो सीधी लोकसभा क्षेत्र में कुल मतदाताओं की संख्या 1736050 है। जिसमें 820350 महिला और 915700 पुरुष वोटर है।
सीधी लोकसभा सीट पर भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस दोनों ही दलों ने अपने प्रत्याशियों को मैदान में उतार दिया है।
बीजेपी ने संगठन के मझे हुए कार्यकर्ता डॉ. राजेश मिश्रा पर भरोसा जताया है, तो वहीं कांग्रेस ने ओबीसी चेहरे पर दांव खेलते हुए कमलेश्वर पटेल को उम्मीदवार बनाया है।
सीधी लोकसभा सीट दोनों में जनसंघियों के कब्जे में रही। इसके बाद यह कांग्रेस ने अपना हाथ मजबूत कर लिया। कुछ वर्ष बीते इसके बाद भाजपा ने सीधी लोकसभा सीट को अपने कब्जे में ले लिया। जगन्नाथ सिंह जैसे आदिवासी नेता सांसद रहे। वर्ष 2009 में पहली बार भाजपा ने ब्राह्मण चेहरे पर दांव खेला था। यह फार्मूला भाजपा को फिट बैठ गया। तब से लगातार यह सीट भाजपा के कब्जे में रही। सीधी लोकसभा सीट कांग्रेस के लिए चुनौती बनी हुई है।
इससे पहले इस सीट से पूर्व मंत्री स्व. इंद्रजीत कुमार, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल जैसे दमदार चेहरे मैदान में उतार चुकी है, लेकिन दोनों चुनाव में भाजपा का वोट प्रतिशत लगातार बढ़ता रहा है। दोनों ही दमदार नेताओं को रीति पाठक ने चुनाव हराया था। वर्ष 2019 में पौने तीन लाख से कांग्रेस को करारी हार मिली थी।
सीधी लोकसभा में हैट्रिक लगा चुकी बीजेपी ने एक बार फिर ब्राह्मण चेहरे पर भरोसा जताया है। भाजपा की पहली लिस्ट में डॉ. राजेश मिश्रा को उम्मीदवार बनाया है। इससे पहले डॉ. राजेश मिश्रा सीधी विधानसभा के दावेदार रहे हैं।
बता दें कि डॉ. राजेश मिश्रा सीधी जिलाध्यक्ष के साथ लंबे समय से भाजपा संगठन में महत्वपूर्ण पदों में रहे हैं। जिलाध्यक्ष रहने के दौरान वर्ष 2018 में विधानसभा चुनाव में चुरहट के कांग्रेस गढ़ में भेदने में सफल रहे हैं। मैहर और शहडोल जिले के संगठन प्रभारी भी रह चुके हैं। यह पेशे से कुशल चिकित्सक भी है।
इसके साथ ही डॉ. राजेश मिश्रा बचपन से ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंसेवक, विद्या भारती सरस्वती शिशु मंदिर चुरहट के संस्थापक सदस्य, करौंदिया शिशु मंदिर सहित कई विद्यालयों का संचालन किया है।
डॉ. राजेश मिश्रा भारतीय रेड क्रॉस समिति के प्रदेश प्रतिनिधि और प्रदेश कार्य समिति के साथ-साथ संघ के अनेक विभिन्न क्षेत्रों और और विभिन्न समितियों के मार्गदर्शक मंडल में कार्य कर रहे हैं। लंबे समय से पेशा डॉक्टर होने के कारण इनका आमजन से सीधा जुड़ाव रहा है।


