पानी न आने से परेशान रहवासियों ने खाली मटके फोड़कर किया चक्काजाम, विधायक ने दी महापौर के घर धरने की चेतावनी

DR. SUMIT SENDRAM

इंदौर। महानगर में अब जलसंकट लगातार गहराता जा रहा है। शहर की पानी की टंकियां पूरी क्षमता से नहीं भर पा रही हैं, जिसके कारण कई इलाकों में पानी की भारी किल्लत हो गई है।
स्थिति यह है कि पांच से छह मीटर क्षमता वाली टंकियां केवल दो से तीन मीटर तक ही भर रही हैं। इसका सीधा असर घरों तक पहुंचने वाले पानी पर पड़ रहा है और नलों में बेहद कम पानी आ रहा है।
पानी की समस्या से परेशान होकर वीणा नगर और आसपास के क्षेत्रों के लोगों का गुस्सा सोमवार सुबह सड़कों पर फूट पड़ा।
पानी नहीं मिलने से नाराज बड़ी संख्या में महिलाएं और स्थानीय लोग खाली मटके और बर्तन लेकर सड़क पर उतर आए।
लोगों ने पहले खाली मटके फोड़े और फिर सड़क पर बैठकर जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि इलाके में न तो नियमित रूप से नलों में पानी आ रहा है और न ही टैंकरों के जरिए पर्याप्त जल वितरण किया जा रहा है।
कांग्रेस नेता अमित पटेल और पार्षद राजू भदौरिया के साथ बड़ी संख्या में महिलाएं बस्ती से निकलकर सड़क पर बैठ गईं और वाहनों को रोकना शुरू कर दिया। देखते ही देखते सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
चक्काजाम की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाने की कोशिश की। इस दौरान प्रदर्शनकारी “महापौर पानी दो, पानी दो” के नारे लगाते रहे। रहवासियों ने आरोप लगाया कि वे पहले भी कई बार अधिकारियों से पानी की समस्या की शिकायत कर चुके हैं, लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई। लोगों का कहना था कि मजबूरी में उन्हें सड़क पर उतरकर प्रदर्शन करना पड़ा।
वही, पांच नंबर विधानसभा क्षेत्र के विधायक महेंद्र हार्डिया भी जलसंकट को लेकर नाराज नजर आए।
विधायक महेंद्र हार्डिया ने कहा कि पहले कभी शहर में जलसंकट के ऐसे हालात नहीं बने। टंकियां खाली रहती हैं और टैंकर भी समय पर नहीं पहुंचते।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे रोज महापौर निवास जाकर बैठेंगे।

 

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