इंदौर। 12 एवं 24 वर्ष पूर्ण करने वाले अध्यापक शिक्षक संवर्ग की प्रथम और द्वितीय क्रमोन्नति संबंधी प्रस्ताव अभी तक जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में जमा नहीं की गई है।
इसके चलते जिला शिक्षा अधिकारी ने सभी संकुल प्राचार्यों को नोटिस जारी कर तत्काल जानकारी भेजने के लिए कहा है। नोटिस में दस दिन का समय दिया गया है।
पुरानी पेंशन बहाली संघ के जिलाध्यक्ष और शासकीय शिक्षक संगठन मप्र के प्रदेश प्रवक्ता दिनेश परमार ने बताया कि कुछ दिनों पहले डीईओ मंगलेश व्यास से कार्यालय जाकर क्रमोन्नति और समयमान वेतनमान आदेश जारी करने और संबंधित संकुल प्राचार्यों से फाइलें जमा करवाने के लिए कहा था।
दिनेश परमार ने बताया कि अन्य जिलों में क्रमोन्नति के आदेश जारी होने लगे है, लेकिन इंदौर में अभी तक कई संकुल प्राचार्यों की जानकारी तक तैयार नहीं की है। डीईओ ने सभी संकुल प्राचार्यों को नोटिस जारी किया है।
जिसमें डीईओ कार्यालय में क्रमोन्नति के प्रस्ताव नहीं भेजे वाले प्राचार्यों को 10 दिन के अंदर प्रस्ताव भेजने और आधी अधूरी जानकारी दुरुस्त करने के लिए निर्देशित किया है। इसके साथ ही चेतावनी भी दी गई है कि यदि किसी लोक सेवक का नाम क्रमोन्नति से वंचित रहता है, तो संबंधित संकुल प्राचार्य जवाबदार होगा।
उन्होंने आगे बताया कि जिले में 2018 से किसी भी 12 एवं 24 वर्ष पूर्ण करने वाले अध्यापक शिक्षक संवर्ग की प्रथम और द्वितीय क्रमोन्नति नहीं मिले है। जिले में दो हजार से अधिक अध्यापक शिक्षक प्रभािवत हुए है। इससे हर एक अध्यापक संवर्ग को हर माह तीन से सात हजार रुपए तक आर्थिक नुकसान हो रहा है।


