डिंडोरी। जिले की अमरपुर चौकी पुलिस छह नाबालिग बालिकाओं को एनजीओ की मदद दिल्ली से वापस डिंडौरी लेकर आई।
पुलिस कंट्रोल रूम में सोमवार को आयोजित प्रेसवार्ता में अति. पुलिस अधीक्षक जगन्नाथ मरकाम ने बताया कि पुलिस को नौ सितंबर को नाबालिग बालिकाओं के परिजनों ने शिकायत दर्ज कराई थी। टीम गठित कर मामले जांच शुरू करने पर नाबालिग बालिकाओं की लोकेशन दिल्ली में मिली। एक बालिका दस्तयाब कर लिया गया। इसके बाद टीम को अन्य पांच नाबालिग बालिकाओं के बारे में जानकारी मिली। इसके बाद उन्हें भी दस्तयाब किया गया। एक नाबालिग बालिका मंडला जिले की बताई गई है।
अति. पुलिस अधीक्षक जगन्नाथ मरकाम ने बताया कि पुलिस बालिकाओं को ले जाने वालों की पतासाजी में जुट गई है।
उन्होंने आगे बताया कि जिले में कार्य कर रहे एनजीओ जन साहस की सहायता से पुलिस टीम दिल्ली पहुंची। यहां पर पांच अन्य नाबालिग दूसरे के घरों में काम करती हुई पाई गईं। अमरपुर पुलिस स्थानीय पुलिस की मदद से सभी नाबालिग बालिकाओं डिंडौरी लेकर आई है।
पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि नाबालिग दिल्ली कैसे और किसके साथ पहुंचीं थी।
कार्यवाही में अमरपुर चौकी प्रभारी (सउनि) अतुल हरदहा, प्रधान आरक्षक हेमंत सार्वे, आरक्षक उमेश मार्को, जन साहस एनजीओ से महेश सुरेश्वर शामिल रहे। बालिकाओं को उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है।

