जबलपुर। लोकायुक्त पुलिस ने कुंडम तहसील में पदस्थ पटवारी सनी द्विवेदी को शुक्रवार दोपहर तेरह हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया।
जानकारी के मुताबिक पटवारी सनी द्विवेदी ने पिपरिया गांव के रहने वाले जितेंद्र पटेल से उनकी जमीन की बही बनवाने के लिए पंद्रह हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।
आवेदक जितेंद्र पटेल ने लोकायुक्त पुलिस से शिकायत करते हुए बताया कि पटवारी लंबे समय से रिश्वत की मांग कर रहा था।
शिकायत की जांच के बाद लोकायुक्त पुलिस ने शुक्रवार दोपहर तिलसानी गांव स्थित एक ढाबे से पटवारी को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया।
बताया गया कि जितेंद्र पटेल के पास पिपरिया गांव में 80 डिसमिल जमीन है, जिसमें उनके पिता और चार बुआओं के नाम शामिल हैं। चारों बुआएं स्वेच्छा से जमीन का हिस्सा जितेंद्र के नाम करना चाहती थीं। इस जमीन की बही बनवाने के लिए पटवारी ने पंद्रह हजार रुपये की मांग की थी।
फरियादी जितेंद्र ने बताया कि उनके पिता पटवारी को आठ हजार रुपये देने को भी तैयार थे, लेकिन पटवारी पंद्रह हजार रुपये से कम पर राजी नहीं हुआ।
जितेंद्र ने यह भी बताया कि उसने तीन-चार बार प्रकरण लगाया, लेकिन पटवारी हर बार बही बनाने का काम रिजेक्ट कर दिया करता था।
गुरुवार को फरियादी ने जबलपुर पुलिस अधीक्षक (लोकायुक्त) संजय साहू को लिखित शिकायत दी, जिसमें उन्होंने बताया कि पटवारी कई महीनों से परेशान कर रहा है और बिना रिश्वत के काम करने को तैयार नहीं है।
लोकायुक्त पुलिस ने शिकायत की जांच के बाद शुक्रवार दोपहर तिलसानी गांव के पास एक ढाबे में सनी द्विवेदी को तेरह हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।
उप पुलिस अधीक्षक सुरेखा परमार ने बताया कि आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी है।

