इंदौर। अब किसी भी भवन या अन्य निर्माण कार्य प्रारम्भ करने से पूर्व श्रम विभाग को सूचना देना अनिवार्य कर दिया गया है।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्य प्रारंभ करने से कम से कम 30 दिन पहले संबंधित क्षेत्र के श्रम निरीक्षक को इसकी जानकारी देना जरूरी होगा। नियमों का पालन न करने पर कार्रवाई का प्रावधान भी रखा गया है। ऐसे मामलों में दोषी पाए जाने पर तीन महीने तक की सजा, दो हजार रुपए तक का जुर्माना या दोनों दंड दिए जा सकते हैं।
श्रम विभाग के अधिकारियों के मुताबिक यह व्यवस्था निर्माण स्थलों पर काम कर रहे श्रमिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और उन्हें सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाने के उद्देश्य से लागू की गई है।
विभाग का कहना है कि कई बार निर्माण कार्य बिना पंजीयन और सुरक्षा मानकों के शुरू हो जाता है, जिससे श्रमिकों के अधिकारों और सुरक्षा पर खतरा पैदा हो जाता है। इसी को देखते हुए यह नियम लागू किया गया है।
विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि निर्माण स्थलों पर श्रमिकों के लिए आवश्यक सुरक्षा उपाय, उपकरण और सुविधाएं उपलब्ध कराना भी अनिवार्य होगा। इससे श्रमिकों को सुरक्षित वातावरण में काम करने का अवसर मिलेगा और दुर्घटनाओं की संभावना भी कम होगी।
निर्माण स्थलों का पंजीयन अब श्रम सेवा पोर्टल के एप से किया जा रहा है। इसमें निर्माण स्थल का पता, श्रमिकों की संख्या और अन्य आवश्यक जानकारी दर्ज करनी होगी। एमपीबीओसीडब्ल्यू के ऑनलाइन पोर्टल या जिला श्रम कार्यालय से भी सूचना दे सकते हैं।


