भोपाल। ईद-उल-फितर पर्व राजधानी में गुरुवार को हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
शहर की ताजुल मसाजिद में ईद की नमाज अदा करने के बाद तकरीर हुई।
इसमें हजरत मौलाना मो. हस्सान खान ने मुस्लिम समाज के लोगों से कहा कि इंटरनेट मीडिया पर मुस्लिम समाज को अपनी छवि बदलनी होगी। मुसलमानों से गाय-बैल के कारोबार से बचने की सलाह दी। उन्होंने इंटरनेट मीडिया पर बनाई जा रही मुसलमानों की छवि पर भी चिंता जताई।हिंदू-मुस्लिम एकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सभी गैर मुसलमानों के साथ राब्ता (मेल-मिलाप) रखें। साथ उठें-बैठें, ताकि किसी भी तरह से हिंदू-मुस्लिम एकता पर कोई गलत प्रभाव न पड़े।
इसी के साथ ही उन्होंने समुदाय के लोगों को गाय-बैल के व्यवसाय से परहेज करने की सलाह दी। मुसलमानों की छवि को लेकर भी बात करने के दौरान कहा कि इंटरनेट मीडिया पर जो छवि फैलाई जा रही है, हमें खुद उसे छवि को बदलना होगा। इसके अलावा उन्होंने लोगों से ताजुल मस्जिद के इतिहास के बारे में बताया। तकरीर के बाद दुआ में उन्होंने प्रदेश और देश की तरक्की और अमन शांति के लिए भी दुआ भी की।
इससे पहले शहरकाजी सैय्यद मुश्ताक अली नदवी ईदगाह में सुबह 07:15 बजे ईद की नमाज अदा की। इस दौरान ईद मिलन कार्यक्रम भी हुआ। यहां पर बड़ी संख्या में सुबह से मुस्लिम समाज के लोग पहुंचे और नमाज अता करने के साथ एक-दूसरे को गले लगाकर ईद पर्व की मुबारकबाद दी।
ईदगाह के बाद जामा मस्जिद में सुबह 7.30 बजे, ताजुल मसाजिद में सुबह 7.45 बजे और मोती मस्जिद में सुबह 8.00 बजे ईद की नमाज अदा की गई। इसके बाद शहर की अन्य मस्जिदों में नमाज अदा करने का सिलसिला चलता रहा। नमाज अदा करने के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। घरों पर आने वाले मेहमानों को मुस्लिम समाज के लोग सिवइयों से मुंह मीठा करा रहे है। इस दौरान घर आए मेहमानों और बच्चों को ईदी बांटी गई।


