इंदौर। महानगर इंदौर में मेट्रो के संचालन के लिए मेट्रो कोच व ट्रैक के संबंध में रेलवे बोर्ड से अनुमोदन (अप्रूवल) मिल गया है। इसके मुताबिक इंदौर का मेट्रो कोच व वायडक्ट पर बिछाया गया ट्रैक फिट है। ऐसे में अब इंदौर मेट्रो का कमर्शियल रन शुरू होने का रास्ता तक़रीबन साफ हो गया है।
देशभर में संचालित मेट्रो रेलवे एक्ट में आती है। इस वजह से मेट्रो को वायडक्ट पर चलाने से पहले रेलवे बोर्ड से अनुमोदन लेना अनिवार्य होता है। रेलवे बोर्ड के अनुमोदन के बाद अब रंगपंचमी के बाद कमिश्नर ऑफ मेट्रो रेलवे सेफ्टी (सीएमआरएस) जनक कुमार गर्ग मेट्रो का संचालन आम नागरिको के लिए शुरू होने के पहले का ‘लाइन ओपनिंग फाइनल चेक’ करने इंदौर आएंगे।
बता दे कि वे पूर्व में मेट्रो डिपो, कोच के निरीक्षण के लिए आए थे। इसके बाद सीएमआरएस टीम के सदस्यों ने सुपर प्रायोरिटी कॉरिडोर के 5.9 किलोमीटर हिस्से में बने पांच मेट्रो स्टेशन का निरीक्षण किया था। इस दौरान उन्होंने मेट्रो स्टेशन निर्माण कार्य संबंधित कुछ सुझाव दिए थे, जिन्हें दुरुस्त किया गया है।
अब मार्च में सीएमआरएस के आगामी निरीक्षण के पश्चात ‘फाइनल क्लीयरेंस’ मिलते ही इंदौर में सुपर कॉरिडोर पर गांधीनगर मेट्रो स्टेशन से सुपर कॉरिडोर स्टेशन नंबर तीन के बीच शहरवासियों का मेट्रो में सफर शुरू होगा।
ऐसे में यह संभावना जताई जा रही है कि 23 मार्च के बाद प्रदेश सरकार व मेट्रो प्रबंधन एक भव्य आयोजन के साथ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की उपस्थिति में इंदौर मेट्रो का कमर्शियल रन का शुभारंभ किया जायेगा।
वही, सुपर प्रायोरिटी कॉरिडोर पर यात्रियों के लिए मेट्रो के कमर्शियल रन की तैयारी भी शुरू हो गई। इस हिस्से में बने पांचों मेट्रो स्टेशन तैयार हैं और वहां यात्री सुविधाओं के लिए लिफ्ट, एस्केलेटर, सुविधाघर, पीने के पानी व अन्य इंतजाम पूरे हो गए हैं।
टिकट काउंटर पर कर्मचारी व स्टेशन परिसर में सुरक्षाकर्मी भी तैनात हैं।
गौरतलब है कि मेट्रो के कमर्शियल रन के दौरान 15 से 30 मिनट के अंतराल पर एक मेट्रो कोच सेट का संचालन किया जाएगा। यात्रियों की संख्या के आधार इस समय को बढ़ाया व कम किया जा सकेगा।
मेट्रो में सफर करने वाले यात्रियों के लिए न्यूनतम किराया 20 रुपये तय किया गया है। हालांकि सुपर प्रायोरिटी कॉरिडोर पर मेट्रो का संचालन शुरू करने पर मेट्रो प्रबंधन की प्रमोशन डिस्काउंट देने की तैयारी है। ऐसे में यह संभावना जताई जा रही है कि शहरवासी शुरुआती दौर में 10 रुपये न्यूनतम दर पर भी सफर कर पाएंगे।

