जबलपुर। शहर के यादव कॉलोनी में पदस्थ प्रधान आरक्षक अभिषेक शिंडे की सड़क हादसे में मौत हो गई। हादसे के वक्त वे अपराधी की तलाश में अंधमूक बाइपास के पास घूम रहे थे। तभी अचानक ही तेज रफ्तार एक बोलेरो वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी। जिससे वे सड़क पर दूर छिटककर जा गिरे।
घटना के बाद बोलेरो वाहन चालक वाहन के साथ फरार हो गया। स्थानीय लोगों ने तुरंत ही पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद संजीवनी नगर थाना पुलिस सहित भेड़ाघाट पुलिस मौके पर पहुंची और इलाज के लिए अभिषेक को मेडिकल कॉलेज ले गई, जहां डाक्टरों की टीम ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
ड्यूटी के दौरान प्रधान आरक्षक अभिषेक शिंडे गंभीर रूप से घायल होने की जानकारी पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय को लगी तो वे उन्हें देखने के लिए मेडिकल कॉलेज पहुंचे। इस दौरान उनके साथ अति. पुलिस अधीक्षक (अपराध) जितेंद्र सिंह, नगर पुलिस अधीक्षक (कोतवाली) रितेश शिव के साथ भेड़ाघाट और संजीवनी नगर थाना प्रभारी भी मौजूद रहे।
डॉक्टरों की टीम ने गंभीर रूप से घायल प्रधान आरक्षक की जान बचाने का प्रयास किया पर वह सफल नहीं हो सके। बुधवार रात को उन्होंने दम तोड़ दिया।
बता दे कि यादव कॉलोनी पुलिस चौकी में पदस्थ प्रधान आरक्षक अभिषेक अपने काम के प्रति हमेशा सजग रहते थे। उनको एक अपराधी को पकड़ने के लिए उन्हें टास्क दिया था। जिसका पालन करते हुए वो बुधवार रात को अंधमूक बाइपास से करीब डेढ़ सौ मीटर आगे सड़क किनारे खड़े होकर मुखबिर की सूचना पर बताए गए अपराधी का इंतजार कर रहे थे।
इसी बीच भोपाल से जबलपुर तरफ आ रही एक तेज रफ्तार वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी, जिसके चलते हवा में उछलते हुए वो सड़क पर जा गिरे।
घटना के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया।
गौरतलब है कि प्रधान आरक्षक यादव कॉलोनी चौकी से पहले शहर के विभिन्न थानों में पदस्थ रह चुके हैं। अभिषेक कई बार अपराधियों से अकेले भी भिड़ चुके हैं।
बुधवार रात को जब वे पुलिस टीम के साथ सड़क किनारे खड़े होकर बस से आ रहे अपराधी का इंतजार कर रहे थे, तभी एक तेज रफ्तार बोलेरो वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी।
घटना के बाद अब पुलिस इस एंगल से जांच कर रही है कि कहीं इस घटना को जान बूझकर तो अंजाम नहीं दिया गया।
जानकारी के मुताबिक मुखबिर से सूचना मिली थी कि अपहरण का एक आरोपी जबलपुर आ रहा था। जिसके बाद पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय के निर्देश पर एक टीम गठित की गई। जिसके बाद उपनिरीक्षक दानी सिंह, प्रधान आरक्षक अभिषेक शिंदे और आरक्षक आशुतोष भारती को अपराधी को पकड़ने के लिए बायपास पर तैनात किया।
जब पुलिस टीम जब हाईवे के किनारे खड़ी थी, उसी दौरान तेज रफ्तार एक जीप ने टक्कर मार दी, जिसमें सहा. उपनिरीक्षक और एक आरक्षक घायल हो गये। जबकि, प्रधान आरक्षक की मौत हो गई। घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है।
घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस बोलेरो वाहन की तलाश में जुट गई है।
गुरुवार को पोस्टमार्टम के बाद गार्ड ऑफ ऑनर देकर प्रधान आरक्षक अभिषेक शिंदे का अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान पुलिस महानिरीक्षक प्रमोद वर्मा, उप पुलिस महानिरीक्षक अतुल सिंह, पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय सहित अन्य अधिकारी एवं पुलिस कर्मी मौजूद रहे।


