भोपाल। अप्रैल-मई में लोकसभा चुनाव होने हैं।
इसके लिए पुनरीक्षित मतदाता सूची जारी की जा चुकी है।
भाजपा और कांग्रेस में प्रत्याशी चयन को लेकर बैठकों का दौर चल रहा है। इस बीच, भाजपा मध्य प्रदेश में कांग्रेस को एक के बाद एक लगातार झटके दे रही है।
ग्वालियर-चंबल, महाकोशल, मध्य भारत अंचल के कई नेता पार्टी छोड़कर भाजपा की सदस्यता ले चुके हैं। यह क्रम अभी रुकता भी नहीं दिख रहा है। गुरुवार को भी नर्मदापुरम जिले की जिला पंचायत अध्यक्ष राधा सुधीर पटेल ने कई समर्थकों के साथ भाजपा की सदस्यता ग्रहण की।
पूर्व विधायक राकेश मावई, दिनेश अहिरवार, जबलपुर महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू, छिंदवाड़ा जिले से कांग्रेस के नेता व राष्ट्रीय तेली साहू महासंगठन के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष प्रकाश साहू, बड़वानी जिला अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक वीरेंद्र सिंह राठौर, युवा कांग्रेस के पूर्व प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष व प्रदेश कांग्रेस महामंत्री हर्षित गुरु, प्रदेश सचिव राकेश रघुवंशी, गंजबासौदा जनपद अध्यक्ष नीतू सिंह रघुवंशी, सीधी जिले से कांग्रेस महिला मोर्चा की प्रदेश महामंत्री रंजना मिश्रा, विदिशा कांग्रेस के जिला अध्यक्ष राकेश कटारे, उज्जैन जिला युवक कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष हटेसिंह पटेल सहित कई नेता साथी कार्यकर्ताओं के साथ भाजपा की सदस्यता ले चुके हैं।
कांग्रेस की नेताओं को रोकने या फिर भाजपा को जवाब देने की कोई तैयारी भी नजर नहीं आ रही है। अभी प्रदेश कार्यकारिणी का भी गठन नहीं हुआ है।
कांग्रेस के प्रदेश मीडिया विभाग के अध्यक्ष केके मिश्रा का कहना है कि जिन लोगों को पार्टी की जरूरत निहित स्वार्थों को लेकर होती है, वे हमेशा पार्टियां छोड़ते हैं। दलबदलुओं का दौर जारी है। हमारी पार्टी समुद्र की तरह है और ऐसे तूफान उसे प्रभावित नहीं कर सकते। समय आने पर इसका जवाब अवश्य मिलेगा।


