डिंडोरी। शासकीय पीएम श्री चंद्रविजय महाविद्यालय में उमंग उच्च शिक्षा हेल्थ एंड वैलनेस कार्यक्रम के तहत मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रमेश मरावी एवं जिला नोडल अधिकारी (आरकेएसके) व डीएचओ -2 डॉ. जयश्रीं मरावी के मार्गदर्शन में निशुल्क मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता एवं स्क्रीनिंग जन जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
मानसिक स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का उद्घाटन महाविद्याल प्राचार्य डॉ. तुलसी करचाम के द्वारा किया गया।
कार्यक्रम का संचालन प्रो. ईश्वर चंद्र परणा के द्वारा किया गया।
प्रो. ईश्वर चंद्र परणा ने अपने उद्बोधन में कहा कि परोपकार ही परम धर्म है एवं ईश्वर उपासना है। परोपकार करने से हमें आंतरिक खुशी की प्राप्ति होती है।
कार्यशाला में जिला मानसिक स्वास्थ्य नोडल अधिकारी डॉ. एके वर्मा ने मानसिक स्वास्थ्य के लक्षण एवं समस्याएं के बारे में सभी को अवगत कराया।
उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य के उपचार के बारे में सभी विद्यार्थियों को बताया।
कार्यशाला में सभी का विद्यार्थियों के स्क्रीनिंग किए गए।
वही, महाविद्यालय के उमंग हेल्थ एंड वेलनेस नोडल अधिकारी डॉ. अमीर खान ने बताया कि स्वास्थ्य के प्रति हर व्यक्ति को जागरूक रहना चाहिए। क्योंकि, पूरे जीवन काल में व्यक्ति कभी न कभी बीमार होता है, कही न कही हम सबको स्वास्थ्य सेवाओ की आवश्यकता होती है। इसलिए स्वास्थ्य से जुड़ी इस कार्यशाला की महत्वता की समझिए और कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यार्थी अपना योगदान दे।
जिला किशोर स्वास्थ्य समन्वयक ओम प्रकाश उरैती ने उमंग उच्च शिक्षा हेल्थ एवं वेलनेस कार्यक्रम की गतिविधियों से छात्र-छात्राओं को अवगत कराया।
उन्होंने उमंग युवा शक्ति मिशन कार्यक्रम – 2024 के बारे में विस्तारपूर्वक बताया।
शासकीय चंद्र विजय महाविद्यालय में आयोजित कार्यशाला में परामर्शदाता नविता पटेल ने उमंग स्वास्थ्य क्लीनिक के अंतर्गत प्रदाय किए जाने वाले 14 प्रकार सेवाएं की विस्तारपूर्वक जानकारी विद्यार्थियों से साझा की।
उन्होंने छात्र-छात्राओं को मानसिक स्वास्थ्य अंतर्गत निर्मित मनहित एप्प की जानकारी दी। साथ ही उन्होंने टेली मानस हेल्पलाइन नंबर 14416 तथा उमंग हेल्प लाइन नंबर 14425 एवं जस्ट आस्क चैट बोट के बारे में विद्यार्थियों को जानकारी दी।
कार्यशाला में आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. ऋषिकेश सिंह एवं सीएचओ संजय उईके के द्वारा छात्र छात्राओं का स्वास्थ्य परीक्षण भी किया गया।


